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पंचतंत्र
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पंचतंत्र की कहानियां : चिड़िया और बंदर
विष्णु शर्मा
एक जंगल में एक पेड़ पर गौरैया का घोंसला था। एक दिन कड़ाके की ठंड पड़ रही थी। ठंड से कांपते हुए तीन चार...
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कहानी
पंचतंत्र की कहानियां : सिंह और सियार
विष्णु शर्मा
वर्षों पहले हिमालय की किसी कन्दरा में एक बलिष्ठ शेर रहा करता था। एक दिन वह एक भैंसे का शिकार और भक्षण कर अपनी...
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कहानी
पंचतंत्र की कहानियां : हाथी और गौरैया
विष्णु शर्मा
किसी पेड़ पर एक गौरैया अपने पति के साथ रहती थी। वह अपने घोंसले में अंडों से चूजों के निकलने का बेसब्री से इंतज़ार...
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कहानी
पंचतंत्र की कहानियां : तीन मछलियाँ
विष्णु शर्मा
एक नदी के किनारे उसी नदी से जुड़ा एक बड़ा जलाशय था। जलाशय में पानी गहरा होता हैं, इसलिए उसमें काई तथा मछलियों का...
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कहानी
पंचतंत्र की कहानियां : मूर्ख बातूनी कछुआ
विष्णु शर्मा
किसी तालाब में कम्बुग्रीव नामक एक कछुआ रहता था। तालाब के किनारे रहने वाले संकट और विकट नामक हंस से उसकी गहरी दोस्ती थी।...
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कहानी
पंचतंत्र की कहानियां : टिटिहरी का जोड़ा और समुद्र का अभिमान
विष्णु शर्मा
समुद्रतट के एक भाग में एक टिटिहरी का जोडा़ रहता था । अंडे देने से पहले टिटिहरी ने अपने पति को किसी सुरक्षित प्रदेश...
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विष्णु शर्मा
पंचतंत्र की कहानियां: बंदर और मगरमच्छ
विष्णु शर्मा