वसीम बरेलवी की जन्म 08 फ़रवरी 1940 को हुआ था। उनका असली नाम ज़ाहिद हसन है। वर्तमान में वह बरेली कालेज, बरेली (रुहेलखंड विश्वविद्यालय) में उर्दू विभाग में प्रोफ़ेसर हैं।
उन्होंने उर्दू में दो और हिंदी में छह से अधिक कविता-संग्रह प्रकाशित किए हैं।
इनकी कविताँए-संग्रह जो उर्दू में है – तबस्सुम-ए-ग़म (1966), मिजाज (1990), आंखें आँसू हुई (2000), आंखों आंखों रहे (2007), मेरा क्या (2007), मौसम अन्दर-बाहर के (2007)।
हिंदी में- आंसू मेरे दामन तेरा (1990), मेरा क्या (2000), चराग़ (2016) हैं।
उन्हें फिराक गोरखपुरी इंटरनेशनल अवॉर्ड और उर्दू कविता के क्षेत्र में हरियाणा सरकार के द्वारा उनकी सेवाओं के लिए कालिदास स्वर्ण पदक से सम्मानित किया गया।